Stipend की मांग पर तिरुपति में धरना, 90 हजार? नहीं—₹15 हजार मासिक की मांग; एमपी और जम्मू-कश्मीर में भी इंटर्न्स का प्रदर्शन

 

देश के अलग-अलग राज्यों में Medical, Paramedical और AYUSH Interns स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। आंध्र प्रदेश के तिरुपति में पैरामेडिकल इंटर्न्स Protest पर बैठ गए हैं। वहीं आंध्र मेडिकल कॉलेज, विशाखापट्‌टनम और एसवी मेडिकल कॉलेज, तिरुपति समेत कई सरकारी मेडिकल कॉलेजों के स्टूडेंट्स भी विरोध में शामिल हैं। इंटर्न्स का कहना है कि उनसे लंबे समय तक Duty कराई जा रही है, लेकिन इसके बदले नियमित स्टाइपेंड नहीं दिया जा रहा।

बिना वेतन 12 घंटे काम करने का आरोप

आंध्र प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में पैरामेडिकल इंटर्न यानी एमएलटी और हेल्थ साइंस के छात्रों को फिलहाल कोई आधिकारिक या नियमित स्टाइपेंड नहीं मिलने का आरोप है। छात्रों का कहना है कि उनसे 12 घंटे की शिफ्ट में काम कराया जाता है, लेकिन इसके बदले भुगतान नहीं किया जाता। इंटर्न्स ने हर महीने 15 हजार रुपए स्टाइपेंड देने की मांग की है।

प्रदर्शन के दौरान छात्रा को बालों से खींचकर ले गई पुलिस

तिरुपति में प्रदर्शन के दौरान अफरातफरी की स्थिति भी बनी। इसी बीच एक वीडियो सामने आया है, जिसमें महिला पुलिसकर्मी प्रदर्शन में शामिल एक छात्रा को बालों से खींचकर ले जाती दिखाई दे रही है। घटना के बाद प्रदर्शन कर रहे छात्रों में नाराजगी है।

एमपी में इंटर्न डॉक्टरों पर वाटर कैनन चलाया गया

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में भी हाल ही में एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों ने स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने इंटर्न डॉक्टरों पर वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। इसके बाद सरकार ने उनकी मांग मानते हुए स्टाइपेंड 14,337 रुपए से बढ़ाकर 21,500 रुपए कर दिया।

वाटर कैनन की कार्रवाई पर जांच के निर्देश

इंटर्न डॉक्टरों ने वाटर कैनन चलाए जाने का विरोध किया था। उनका कहना था कि वे डॉक्टर हैं, अपराधी नहीं। मामले में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने वाटर कैनन चलाने की घटना की जांच के निर्देश दिए थे।

MP में Water Cannon से कार्रवाई, बढ़ा Stipend

इससे पहले मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में भी MBBS Intern Doctors ने स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने इंटर्न डॉक्टरों पर Water Cannon का इस्तेमाल किया था। इसके बाद सरकार ने उनकी मांग मानते हुए स्टाइपेंड को ₹14,337 से बढ़ाकर ₹21,500 कर दिया।

इंटर्न डॉक्टरों ने Water Cannon की कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए कहा था कि वे डॉक्टर हैं, अपराधी नहीं। मामले को लेकर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी Water Cannon चलाए जाने की घटना की जांच के निर्देश दिए थे।

 

Indore में Doctors की Rally, Interns के समर्थन में जुटे डॉक्टर

भोपाल में हुई कार्रवाई के विरोध में इंदौर के MY Hospital परिसर में इंटर्न और रेजिडेंट डॉक्टरों ने Rally निकाली। डॉक्टरों ने एकजुट होकर भोपाल में प्रदर्शन के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई का विरोध किया। इस प्रदर्शन में Intern Doctors के साथ Resident Doctors भी शामिल हुए।

 

Interns Protest: कहां क्या मांग?

राज्य मुख्य मुद्दा मांग/स्थिति
आंध्र प्रदेश बिना नियमित Stipend, 12 घंटे Shift ₹15,000 मासिक Stipend
मध्य प्रदेश Stipend बढ़ाने की मांग ₹14,337 → ₹21,500
जम्मू-कश्मीर Stipend Revision Government Order की मांग

Jammu-Kashmir में 48 घंटे की Hunger Strike

जम्मू-कश्मीर में भी स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर MBBS और BDS Interns का आंदोलन जारी है। यहां इंटर्न डॉक्टर 31 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। इसके बाद जम्मू-कश्मीर के 10 सरकारी मेडिकल कॉलेजों और 2 डेंटल कॉलेजों के इंटर्न्स ने 7 सितंबर से 48 घंटे की Hunger Strike शुरू की।

प्रदर्शनकारी इंटर्न्स का कहना है कि सरकार को उनकी मांगों पर फैसला लेने के लिए काफी समय दिया जा चुका है। छात्रों के मुताबिक, स्टाइपेंड बढ़ाने को लेकर 2023 में भी सिफारिश की गई थी, लेकिन अब तक इस पर ठोस आदेश जारी नहीं हुआ है। इंटर्न्स का कहना है कि जब तक सरकार की ओर से official order जारी नहीं होता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।

द्वारा Priyanshi Chaturvedi

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