बॉलीवुड पर कानून का शिकंजा: ₹65.54 करोड़ के मीठी नदी सफाई घोटाले में अभिनेता डीनो मोरिया गिरफ्तार; EOW की 8 घंटे पूछताछ के बाद बड़ी कार्रवाई

बांद्रा स्थित आवास से हिरासत में लिए गए मॉडल व एक्टर डीनो मोरिया; बीएमसी के सफाई ठेके में वित्तीय हेराफेरी और भाई संतिनो मोरिया की कंपनी में ₹18 लाख के ट्रांसफर से खुला राज।


बॉलीवुड और मनोरंजन जगत से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (Economic Offences Wing – EOW) ने 2 अक्टूबर 2026 को प्रसिद्ध मॉडल और अभिनेता डीनो मोरिया (Dino Morea) को गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी मुंबई महानगरपालिका (BMC) के ₹65.54 करोड़ के मीठी नदी सफाई व डीसिल्टिंग घोटाले (Mithi River Desilting Scam) के सिलसिले में की गई है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, ईओडब्ल्यू की टीम ने डीनो मोरिया के बांद्रा स्थित आवास पर करीब 8 घंटे तक गहन पूछताछ की, जिसके बाद वित्तीय अनियमितताओं और संदिग्ध पैसों के लेन-देन के पुख्ता सबूत मिलने पर उन्हें हिरासत में ले लिया गया।

मीठी नदी पुनरुद्धार और गाड़-निकासी (Desilting) परियोजना में बड़े पैमाने पर फर्जी बिलिंग, अवैध ठेके आवंटन और रिश्वतखोरी के आरोप हैं, जिससे बीएमसी को ₹65.54 करोड़ का सीधा आर्थिक नुकसान हुआ। जांच में पाया गया कि घोटाले के मुख्य आरोपी केतन कदम (Vodar India LLP) ने डीनो मोरिया के भाई संतिनो मोरिया (Santino Morea) की इलेक्ट्रिक कार्ट कंपनी ‘यूबीओ राइड्ज़’ (UBO Ridez) के बैंक खाते में ₹18 लाख ट्रांसफर किए थे। इतना ही नहीं, वोडर इंडिया और यूबीओ राइड्ज़ दोनों कंपनियां वर्ली (मुंबई) में एक ही पते से संचालित पाई गईं, जिससे दोनों के बीच व्यावसायिक और वित्तीय सांठगांठ की पुष्टि हुई है।

1. क्या है ₹65.54 करोड़ का मीठी नदी सफाई घोटाला?

मुंबई की मीठी नदी परियोजना में हुई धांधली का पूरा ब्यौरा:

  • परियोजना का उद्देश्य: मुंबई में मॉनसून के दौरान बाढ़ से बचाव के लिए मीठी नदी की गाद निकालने और नदी की सफाई के लिए बीएमसी ने करोड़ों रुपये के ठेके जारी किए थे।
  • फर्जी कंक्रीट और सफाई के दावे: जांच एजेंसियों के अनुसार, ठेकेदारों और बीएमसी अधिकारियों ने मिलीभगत करके बिना काम किए ही करोड़ों रुपये के फर्जी बिल पास करा लिए।

  • बिचौलियों की भूमिका: मुख्य आरोपी केतन कदम ने फर्जी शेल कंपनियों के जरिए रिश्वत और कमीशन के पैसों को अलग-अलग खातों में डायवर्ट किया।

2. ‘मनी ट्रेल’ और मोरिया ब्रदर्स का कनेक्शन (Financial Links & Investigation)

ईओडब्ल्यू और ईडी की जांच में सामने आए मुख्य पहलू:

पहलू (Investigation Factor) विवरण व साक्ष्य (Details & Evidence)
मुख्य आरोपी केतन कदम (Vodar India LLP) — 2025 में गिरफ्तार
संदिग्ध कंपनी यूबीओ राइड्ज़ (UBO Ridez) — निदेशक: संतिनो मोरिया (डीनो के भाई)
लेन-देन की राशि केतन कदम के खाते से यूबीओ राइड्ज़ को ₹18 लाख ट्रांसफर
साझा व्यावसायिक पता वोडर इंडिया व यूबीओ राइड्ज़ दोनों वर्ली स्थित Famous Studio के पास से संचालित
फोन कॉल रिकॉर्ड्स केतन कदम और मोरिया भाइयों के बीच लगातार फोन बातचीत के साक्ष्य

3. ईओडब्ल्यू और ईडी की संयुक्त कार्रवाई का घटनाक्रम

इस मामले में पहले भी जांच का दायरा डीनो मोरिया तक पहुँच चुका था:

  1. मई 2025 की पूछताछ: ईओडब्ल्यू ने मई 2025 में ही डीनो मोरिया और उनके भाई संतिनो मोरिया से कॉल रिकॉर्ड्स के आधार पर पूछताछ की थी।
  2. ईडी (ED) की छापेमारी: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भी मनी लॉन्ड्रिंग कोण से जांच करते हुए डीनो मोरिया के बांद्रा स्थित घर पर पहले छापेमारी की थी।
  3. 2 अक्टूबर 2026 की गिरफ्तारी: 8 घंटे की लंबी पूछताछ में संतोषजनक जवाब न मिलने और वित्तीय लेन-देन के सबूतों के आधार पर ईओडब्ल्यू ने डीनो मोरिया को औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया।

निष्कर्ष 

मीठी नदी सफाई घोटाले में अभिनेता डीनो मोरिया की गिरफ्तारी ने यह स्पष्ट कर दिया है कि बीएमसी के नागरिक ठेकों में हुई वित्तीय हेराफेरी का दायरा केवल ठेकेदारों और अधिकारियों तक सीमित नहीं था, बल्कि इसके तार बॉलीवुड और कॉर्पोरेट जगत की हस्तियों से भी जुड़े हुए हैं। मुंबई पुलिस की ईओडब्ल्यू अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या ₹18 लाख के अलावा भी अन्य बड़े वित्तीय लेन-देन हुए थे और इस रैकेट में कौन-कौन शामिल है।

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द्वारा Kanchan

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